Page

Pages

रविवार, 30 अगस्त 2020

एनईपी का उद्देश्य उत्पादक व्यक्तियों को तैयार करना है

 

आई ए एस ई प्रयागराज एवं एमिटी यूनिवर्सिटी लखनऊ उत्तर प्रदेश के संयुक्त तत्वाधान में 20 एपिसोड के राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 पर चल रहे वेबीनार के दूसरे एपिसोड में आज के व्याख्यान सत्र का शुभारंभ अपर निदेशक बेसिक शिक्षा/प्राचार्य आई ए एस ई प्रयागराज ललिता प्रदीप ने करते हुए कहा कि एनईपी का उद्देश्य उत्पादक व्यक्तियों को तैयार करना है जो कि अपने संविधान द्वारा परिकल्पित समावेशी और बहुलता वादी समाज के निर्माण में बेहतर तरीके से योगदान कर सकें। प्रथम सत्र के वक्ता के रूप में *एमिटी यूनिवर्सिटी लखनऊ* की असिस्टेंट प्रोफेसर *डॉक्टर ऋचा रघुवंशी* एवं आईएएसई से *दरख्शां आब्दी* ने स्कूलों में पाठ्यक्रम और शिक्षण शास्त्र अधिगम समग्र एकीकृत आनंददायी एवं रुचिकर शिक्षा विषय पर अपने विचार रखते हुए राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी एन टी ए, ऑनलाइन संसाधन का प्रयोग मूल्यांकन एवं आंकलन के मानक आदि विषय पर अपने-अपने विचार रखे राष्ट्रीय शिक्षा नीति में वर्णित शिक्षक विषय पर चर्चा करते हुए *कोलकाता विश्वविद्यालय की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ सुदेशना लाहिरी* एवं *राष्ट्रपति पदक प्राप्त शिक्षक डॉक्टर सर्वेष्ट मिश्र* ने कहा कि उत्कृष्ट शिक्षक चयन हेतु मेरिट आधारित छात्रवृत्ति, शिक्षक भर्ती परीक्षा, स्कूल का वातावरण एवं कार्य संस्कृति में परिवर्तन, नेतृत्व कौशल, वेतन भत्ते, पदोन्नति, क्षमता संवर्द्धन कोर्स, समता मूलक समाज हेतु शिक्षक की भूमिका, बुनियादी समझ, नामांकन उपस्थिति आदि शिक्षक से जुड़े प्रावधान विस्तार से राष्ट्रीय शिक्षा नीति में वर्णित है। समतामूलक और समावेशी शिक्षा सभी के लिए अधिगम विषय पर *आई ए एस ई प्रयागराज से स्मिता जायसवाल* ने अपने विचार रखते हुए विद्यालय की स्थिति, दिव्यांगों की विद्यालय तक पहुंच, सुविधा एवं उपलब्ध अवसर आदि पर विस्तार से अपनी बात रखी। वेबीनार का संचालन *असिस्टेंट प्रोफेसर एमिटी यूनिवर्सिटी लखनऊ उत्तर प्रदेश से डॉ जयंती श्रीवास्तव* ने किया ।वेबीनार से हजारों की संख्या में शिक्षक अभिभावक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से लाइव जुड़े और अपने विचारों को भी साझा किया।इस वेबिनार टीम में जौनपुर से अध्यापिका प्रीति श्रीवास्तव भी शामिल हैं।

2 टिप्‍पणियां:

  1. बहुत बेहतरीन कार्यक्रम रहा।।सभी सत्र आधारीय जानकारी लिए हुए रहे।। बहुत बहुत आभार🌷🌷🙏

    जवाब देंहटाएं