लापरवाह तीन शिक्षक निलंबित, दो का वेतन रोका
https://www.shirazehind.com/2018/12/blog-post_67.html?m=0
जौनपुर। परिषदीय विद्यालयों में आकस्मिक निरीक्षण के
दौरान खामी मिलने पर तीन शिक्षकों को निलंबित कर दो का वेतन रोक दिया गया
है। जिलाधिकारी के निर्देश पर यह कार्रवाई बीएसए डा. राजेंद्र प्रसाद सिंह ने की।
धर्मापुर ब्लाक की खंड शिक्षाधिकारी (बीईओ) सुधा वर्मा ने प्राथमिक विद्यालय चोरसंड सिलहा का निरीक्षण किया। इस दौरान बच्चों की उपस्थिति कम रही। शैक्षिक गुणवत्ता का स्तर भी बेहद खराब पाया गया। घोर लापरवाही मानते हुए सहायक अध्यापक आरती गुप्ता को निलंबित कर दिया गया है। मोहम्मदपुर कांध में तैनात शिक्षक संतोष प्रजापति को महिला शिक्षिका के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।
मछलीशहर क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक अनिल कुमार तिवारी को भी निलंबित कर दिया गया, वह लंबे समय से विद्यालय से गायब थे।
मड़ियाहूं विकास खंड के खंड शिक्षाधिकारी मनोज कुमार ने प्राथमिक विद्यालय चकथुआ में रेंडम चेकिंग की। इस दौरान वहां तैनात सहायक अध्यापक संजय कुमार सिंह अनुपस्थित मिले जबकि उन्होंने विद्यालय के उपस्थित छात्र पंजिका पर अपना हस्ताक्षर बनाया हुआ था। इसी विद्यालय में तैनात शकुन्तला देवी भी निरीक्षण के दौरान अनुपस्थित मिली। दोनों का वेतन रोकते हुए उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है।
धर्मापुर ब्लाक की खंड शिक्षाधिकारी (बीईओ) सुधा वर्मा ने प्राथमिक विद्यालय चोरसंड सिलहा का निरीक्षण किया। इस दौरान बच्चों की उपस्थिति कम रही। शैक्षिक गुणवत्ता का स्तर भी बेहद खराब पाया गया। घोर लापरवाही मानते हुए सहायक अध्यापक आरती गुप्ता को निलंबित कर दिया गया है। मोहम्मदपुर कांध में तैनात शिक्षक संतोष प्रजापति को महिला शिक्षिका के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।
मछलीशहर क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक अनिल कुमार तिवारी को भी निलंबित कर दिया गया, वह लंबे समय से विद्यालय से गायब थे।
मड़ियाहूं विकास खंड के खंड शिक्षाधिकारी मनोज कुमार ने प्राथमिक विद्यालय चकथुआ में रेंडम चेकिंग की। इस दौरान वहां तैनात सहायक अध्यापक संजय कुमार सिंह अनुपस्थित मिले जबकि उन्होंने विद्यालय के उपस्थित छात्र पंजिका पर अपना हस्ताक्षर बनाया हुआ था। इसी विद्यालय में तैनात शकुन्तला देवी भी निरीक्षण के दौरान अनुपस्थित मिली। दोनों का वेतन रोकते हुए उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है।
