‘‘आज की बेटी कल की नारी‘‘
https://www.shirazehind.com/2014/07/blog-post_7947.html
जौनपुर।जनक समिति वात्सल्य रामपुर एवं यूनीसेफ के सौजन्य से आज अपरान्ह कलेक्ट्रेट सभागार में ‘‘आज की बेटी कल की नारी‘‘ गरिमा परियोजना का शुभारम्भ मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 पी0एन0रावत ने किया। संस्था के बारे में श्रीमती सुखपाल यूनीसेफ लखनऊ ने चलचित्र के माध्यम से दर्शाया तथा विस्तार से व्यावहारिक जानकारी भी दिया। उन्होंने बताया कि ‘‘किशोरी से महिला बनने की पहली पायदान है‘‘- भारत में लगभग 1.15 करोड़ किशोरियों का एक विशाल वंचित समूह है जिनका न केवल सामाजिक स्थिति दयनीय है अपितु उनका प्रजनन से संबंधित स्वास्थ्य,शिक्षा एवं आहार, व्यवहार भी प्रभावित है। किशोरियों में मासिक चक्र प्रारम्भ होना ही अपने-आप में एक मील का पत्थर है। किशोर एवं किशोरियों दोनो को प्रशिक्षण की आवश्यकता है। जौनपुर जिले के दो विकासखण्ड रामपुर एवं खुटहन ब्लाक के 280 गांव में यह कार्य प्रारम्भ कर दिया गया है। रामपुर विकासखण्ड में डा0किरन त्रिपाठी प्रोजेक्ट डायरेक्टर एवं आशुतोष प्रोजेक्ट मैनेजर ,खुटहन विकासखण्ड में वात्सल्य एवं असलम कार्यक्रम का संचालन करेगे।जनक समिति के अध्यक्ष डा0 किरन त्रिपाठी ने किशोरियों के अधिकारों एवं सशक्तिकरण पर जोर दिया। महिलाओं के साथ पुरूषों को भी बालिकाओं एवं बालकों को इस संबंध में बातचीत कर जानकारी देनी चाहिए। विभागीय मीटिंग में गरिमा का भी स्टाफ सम्मिलित होकर इस योजना के बारे में जानकारी दे सकते है। डा0 किरन त्रिपाठी द्वारा मु0चि0अ0 से अनुरोध किया गया कि आशा,ए.एन.एम को निर्देशित करें कि माहवारी को लेकर तथा टीकारण एवं आयरन की गोली को लेकर उनको प्रशिक्षित किया जाय ताकि उनके द्वारा ग्रामींण क्षेत्रों में किशोरियों को सही जानकारी मिल सके।
जिला कार्यक्रम अधिकारी पवन यादव ने अपने विभागीय अधिकारियों/कर्मचारियों को इस योजना में सहयोग का आश्वासन दिया। बाल संरक्षण अधिकारी जावेद अहमद एवं बाल न्यायाधीश संजय उपाध्याय ने समसायिक विषय पर भी इस योजना को जोड़ने का अनुरोध किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 पी0एन0रावत ने बताया कि स्वच्छता मनुष्य के जीवन का एक अंग है। इस कार्यक्रम के माध्यम से बालिकाओं में स्वच्छता के विषय में और जानकारी दिये जाने से लाभान्वित होगी। कम से कम तीन माह में एक बार अवश्य बैठक करके योजना के बारे में अद्यतन जानकारी प्राप्त कर उस दिशा में प्रभावी कार्यवाही की जा सके।
इस अवसर पर कार्यक्रम में आशी खान डीसीपीएम, माधुरी सिंह,मो जावेद अंसारी, लक्ष्मी देवी, निसार अहमद, सावि़त्री देवी इत्यादि ने भाग लिया।
जिला कार्यक्रम अधिकारी पवन यादव ने अपने विभागीय अधिकारियों/कर्मचारियों को इस योजना में सहयोग का आश्वासन दिया। बाल संरक्षण अधिकारी जावेद अहमद एवं बाल न्यायाधीश संजय उपाध्याय ने समसायिक विषय पर भी इस योजना को जोड़ने का अनुरोध किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 पी0एन0रावत ने बताया कि स्वच्छता मनुष्य के जीवन का एक अंग है। इस कार्यक्रम के माध्यम से बालिकाओं में स्वच्छता के विषय में और जानकारी दिये जाने से लाभान्वित होगी। कम से कम तीन माह में एक बार अवश्य बैठक करके योजना के बारे में अद्यतन जानकारी प्राप्त कर उस दिशा में प्रभावी कार्यवाही की जा सके।
इस अवसर पर कार्यक्रम में आशी खान डीसीपीएम, माधुरी सिंह,मो जावेद अंसारी, लक्ष्मी देवी, निसार अहमद, सावि़त्री देवी इत्यादि ने भाग लिया।
