टेंडर को लेकर आरईएस में जमकर मारपीट
https://www.shirazehind.com/2015/07/blog-post_43.html
जौनपुर। विकास भवन में स्थित आरईएस विभाग पंचम तल पर शनिवार को दबंगों
ने एक ठेकेदार की जमकर पिटाई कर दी। मामला टेंडर बिक्री को लेकर बताया जा
रहा है। बीआरजीएफ में दो दिनों से फार्म बिक्री के समय अराजक तत्वों का
जमावड़ा हो रहा है। विभागीय अधिकारियों की चुप्पी कई सवाल खड़े कर रही है।
मामले में देर शाम सीडीओ से शिकायत की गई तो पुलिस फोर्स तैनात कर दिया
गया। घटना में आरोपियों के खिलाफ लाइन बाजार थाना में एनसीआर दर्ज कर ली गई
है।
बीआरजीएफ के तहत वर्ष 2014-15 के लिए जनपद के लोहिया गांवों में सीसी रोड, नाली, केसी ड्रेन बनाए जाने है। इसके लिए कार्यदायी संस्था आरईएस को बनाया गया है। 17 जून को प्रमुख अखबारों में टेंडर के लिए निविदा आमंत्रित की गई थी। इसमें आठ करोड़ रुपये से 68 काम कराए जाने हैं। इसके लिए तीन व चार जून को टेंडर के फार्म की बिक्री की गई। दोनों ही दिन विभाग में दबंगों व अराजक तत्वों का जमावड़ा होता रहा जिसमें दबंगों द्वारा यह कहा जाता रहा है कि इस मार्ग के लिए उन्होंने फार्म ले रखा है। इसके बाद कोई भी ठेकेदार उसपर काम नहीं लेगा। शनिवार को करीब 11 बजे एक ठेकेदार फार्म लेने पहुंचता है। इतने में दूसरे पक्ष द्वारा काफी विवाद हो जाता है। ठेकेदार द्वारा नियमों का हवाला दिया जाता है तो 15 से 20 की संख्या में दबंगों ने उसकी जमकर पिटाई कर दी। इसके बाद बदमाश फरार हो गए। मामले में किसी ने सूचना लाइन बाजार थानाध्यक्ष को दी। पुलिस फोर्स ने पहुंचकर घायल को उपचार के लिए चिकित्सालय पहुंचाया। पुलिस के जाते ही दबंग फिर से कार्यालय में कब्जा जमा लेते हैं जिससे उनके डर भय से अन्य कोई ठेकेदार संबंधित मार्ग पर काम न ले।
मामले को सीडीओ ने संज्ञान में लिया तो एक बार पुन: सायंकाल पुलिस फोर्स तैनात हो गई। दो दिनों से रही अनियमितता के बाद जिस किसी का फोन अधिकारी को जाता वह फोन उठाना गवारा नहीं समझते रहे। ऐसे में इससे कई सवाल खड़े हो रहे हैं। यह सारी घटना दिनभर मुख्य विकास अधिकारी के कार्यालय के ठीक ऊपर वाले तल पर होती रही है। इसमें किसी को कोई भनक तक नहीं लगी
बीआरजीएफ के तहत वर्ष 2014-15 के लिए जनपद के लोहिया गांवों में सीसी रोड, नाली, केसी ड्रेन बनाए जाने है। इसके लिए कार्यदायी संस्था आरईएस को बनाया गया है। 17 जून को प्रमुख अखबारों में टेंडर के लिए निविदा आमंत्रित की गई थी। इसमें आठ करोड़ रुपये से 68 काम कराए जाने हैं। इसके लिए तीन व चार जून को टेंडर के फार्म की बिक्री की गई। दोनों ही दिन विभाग में दबंगों व अराजक तत्वों का जमावड़ा होता रहा जिसमें दबंगों द्वारा यह कहा जाता रहा है कि इस मार्ग के लिए उन्होंने फार्म ले रखा है। इसके बाद कोई भी ठेकेदार उसपर काम नहीं लेगा। शनिवार को करीब 11 बजे एक ठेकेदार फार्म लेने पहुंचता है। इतने में दूसरे पक्ष द्वारा काफी विवाद हो जाता है। ठेकेदार द्वारा नियमों का हवाला दिया जाता है तो 15 से 20 की संख्या में दबंगों ने उसकी जमकर पिटाई कर दी। इसके बाद बदमाश फरार हो गए। मामले में किसी ने सूचना लाइन बाजार थानाध्यक्ष को दी। पुलिस फोर्स ने पहुंचकर घायल को उपचार के लिए चिकित्सालय पहुंचाया। पुलिस के जाते ही दबंग फिर से कार्यालय में कब्जा जमा लेते हैं जिससे उनके डर भय से अन्य कोई ठेकेदार संबंधित मार्ग पर काम न ले।
मामले को सीडीओ ने संज्ञान में लिया तो एक बार पुन: सायंकाल पुलिस फोर्स तैनात हो गई। दो दिनों से रही अनियमितता के बाद जिस किसी का फोन अधिकारी को जाता वह फोन उठाना गवारा नहीं समझते रहे। ऐसे में इससे कई सवाल खड़े हो रहे हैं। यह सारी घटना दिनभर मुख्य विकास अधिकारी के कार्यालय के ठीक ऊपर वाले तल पर होती रही है। इसमें किसी को कोई भनक तक नहीं लगी

