न्याय पालिका की अवहेलना करने वालों को शिक्षक बनने का हक नहींः वीरेन्द्र यादव
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बीटीसी प्रशिक्षु शिक्षक संघ ने कहा- सरकार की मिलीभगत से हो रहा शिक्षामित्रों का प्रदर्शन
जौनपुर। बीटीसी प्रशिक्षु शिक्षक संघ की बैठक मंगलवार को सद्भावना पुल के पास स्थित नवदुर्गा शिव मंदिर पर हुई जहां दर्जनों की संख्या में बीएड बीटीसी टीईटी उत्तीर्ण लोगों ने भाग लिया। इस मौके पर प्रदेश सरकार के खिलाफ रणनीति तैयार करते हुये वक्ताओं ने कहा कि सरकार शिक्षामित्रों के बहाने ट्रेड शिक्षकों को दरकिनार करके न्याय पालिका पर निशाना साध रही है। सरकार की मिलीभगत से ही चल रहा है शिक्षामित्रों का प्रदर्शन। इस दौरान संघ के प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र यादव ने कहा कि एक तरफ उत्तर प्रदेश सरकार उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेश के पालन की बात करती है तो दूसरी तरफ शिक्षामित्रों के प्रदर्शन को धार देकर न्यायालय पर दबाव बनाने का काम कर रही है। श्री यादव ने कहा कि शिक्षामित्रों का अध्यापक शिक्षा परिषद के खिलाफ प्रदर्शन महज दिखावा है। वह अपनी ताकत का अहसास न्याय पालिका को कराना चाहते हैं। इसी क्रम में पूर्व सैनिक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष मंगल सिंह व महामंत्री गौरव सिंह ने कहा कि वोट की लालच में सरकार 1 लाख 72 हजार शिक्षामित्रों को न्यायपालिका के विपरीत जाकर वेतन देने की बात कह रही है जबकि 5 लाख से अधिक बीएड बीटीसी टीईटी पास करके बेरोजगार घूम रहे हैं। सरकार को इनकी सुधि नहीं हो रही है। शीघ्र ही यह बेरोजगार लाखों की संख्या में लखनऊ व दिल्ली में पहुंचकर सरकार को अपनी ताकत का अहसास करायेंगे। इलाहाबाद मण्डल अध्यक्ष अंकुर सिंह ने कहा कि हमारे देश के कानून में न्यायपालिका सर्वोपरि है। इसके बावजूद भी शिक्षामित्र खिलाफत कर रहे हैं जिन्हें शिक्षक बनने का बिल्कुल हक नहीं है। इस अवसर पर सतीश राज, अतुल सिंह, कृष्ण विश्वकर्मा, चन्द्रप्रभा यादव, पंकज यादव, आशुतोष गिरी, विकास चैबे, विशु विनोद, चित्रसेन, रवि सिंह, रश्मि गुप्ता, विजयलक्ष्मी के अलावा तमाम लोग मौजूद रहे।
जौनपुर। बीटीसी प्रशिक्षु शिक्षक संघ की बैठक मंगलवार को सद्भावना पुल के पास स्थित नवदुर्गा शिव मंदिर पर हुई जहां दर्जनों की संख्या में बीएड बीटीसी टीईटी उत्तीर्ण लोगों ने भाग लिया। इस मौके पर प्रदेश सरकार के खिलाफ रणनीति तैयार करते हुये वक्ताओं ने कहा कि सरकार शिक्षामित्रों के बहाने ट्रेड शिक्षकों को दरकिनार करके न्याय पालिका पर निशाना साध रही है। सरकार की मिलीभगत से ही चल रहा है शिक्षामित्रों का प्रदर्शन। इस दौरान संघ के प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र यादव ने कहा कि एक तरफ उत्तर प्रदेश सरकार उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेश के पालन की बात करती है तो दूसरी तरफ शिक्षामित्रों के प्रदर्शन को धार देकर न्यायालय पर दबाव बनाने का काम कर रही है। श्री यादव ने कहा कि शिक्षामित्रों का अध्यापक शिक्षा परिषद के खिलाफ प्रदर्शन महज दिखावा है। वह अपनी ताकत का अहसास न्याय पालिका को कराना चाहते हैं। इसी क्रम में पूर्व सैनिक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष मंगल सिंह व महामंत्री गौरव सिंह ने कहा कि वोट की लालच में सरकार 1 लाख 72 हजार शिक्षामित्रों को न्यायपालिका के विपरीत जाकर वेतन देने की बात कह रही है जबकि 5 लाख से अधिक बीएड बीटीसी टीईटी पास करके बेरोजगार घूम रहे हैं। सरकार को इनकी सुधि नहीं हो रही है। शीघ्र ही यह बेरोजगार लाखों की संख्या में लखनऊ व दिल्ली में पहुंचकर सरकार को अपनी ताकत का अहसास करायेंगे। इलाहाबाद मण्डल अध्यक्ष अंकुर सिंह ने कहा कि हमारे देश के कानून में न्यायपालिका सर्वोपरि है। इसके बावजूद भी शिक्षामित्र खिलाफत कर रहे हैं जिन्हें शिक्षक बनने का बिल्कुल हक नहीं है। इस अवसर पर सतीश राज, अतुल सिंह, कृष्ण विश्वकर्मा, चन्द्रप्रभा यादव, पंकज यादव, आशुतोष गिरी, विकास चैबे, विशु विनोद, चित्रसेन, रवि सिंह, रश्मि गुप्ता, विजयलक्ष्मी के अलावा तमाम लोग मौजूद रहे।

