सर्वोच्चता की प्रतीक है नारी शक्तिः किरन श्रीवास्तव
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विश्व हिन्दू परिषद ने कराया नारी शक्ति/शस्त्र पूजन
सैकड़ों नारियों ने पूजन-अर्चन करके लिया संकल्प
जौनपुर। नारी शक्ति स्वरूपा होती है। नारी शक्ति का प्रदर्शन हमेशा नहीं होता लेकिन जब होता है तो इतिहास बन जाता है। नारी शक्ति सर्वोच्चता की प्रतीक है। शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी, कुष्मांडा, चन्द्रघण्टा, स्कन्दमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी एवं सिद्धिदात्री कुल 9 प्रकार की प्रकृति एवं नारी शक्ति का प्रतीक है। जब आततायी व राक्षसी शक्तियां पुरूषों द्वारा नियंत्रित नहीं होती तब नारी शक्ति ही उसका संहार करते नियंत्रण करती है। उक्त बातंे नगर के मोहल्ला नखास में नवीन नव दीप संस्था द्वारा स्थापित पण्डाल में विराजमान माता रानी के समक्ष ‘‘नारी शक्ति/शस्त्र पूजा’’ अवसर पर भाजपा नेत्री/समाजसेविका श्रीमती किरन श्रीवास्तव ने कही। इसके पहले श्रीमती श्रीवास्तव सहित उपस्थित सैकड़ों नारियों, युवतियों एवं बच्चियों ने हमेशा की इस बार भी शस्त्र पूजन किया। विश्व हिन्दू परिषद द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने शस्त्र (त्रिशूल, बरछी, कटार, गदा) पर तिलक लगाने के साथ ही मां दुर्गा सहित मां सरस्वती, मां लक्ष्मी, भगवान कार्तिकेय व गणेश का पूजा-पाठ किया। इस मौके पर गगनचुम्बी जयघोष से पूरा वातावरण गूंज उठा तथा चहुंओर माहौल देवीमय नजर आने लगा। इस अवसर पर विश्व हिन्दू परिषद के प्रान्तीय सह मंत्री तरून शुक्ल, राकेश श्रीवास्तव जिला मंत्री विहिप, बजरंग दल के जिला संयोजक विनय मौर्य, जिला सत्संग प्रमुख देवीसेवक, सह नगर मंत्री विहिप महेश सेठ, जिला धर्माचार्य सम्पर्क प्रमुख आचार्य रविन्द्र द्विवेदी, जिला कार्याध्यक्ष अजय पाण्डेय, रामजी जायसवाल, सौरभ सेठ, संजय शुक्ल, हिमांचल सेठ, रोहन सिंह, बबलू जायसवाल, चन्द्रशेखर निषाद बबलू, पूर्व अध्यक्ष सूरज निषाद, विजय मौर्य, राजू चैधरी, डा. कमलेश, विकास निषाद, पूर्व सभासद लक्ष्मण बेनवंशी, सीता जायसवाल, तेजस्वी, तेजवी, शिल्पी, आंचल, पम्मी, शालिनी, उजाला, पुष्पा देवी, विदिशा देवी, तेजस सहित सैकड़ों नर, नारी, बच्चे, युवा, वृद्ध आदि मौजूद रहे।
सैकड़ों नारियों ने पूजन-अर्चन करके लिया संकल्प
जौनपुर। नारी शक्ति स्वरूपा होती है। नारी शक्ति का प्रदर्शन हमेशा नहीं होता लेकिन जब होता है तो इतिहास बन जाता है। नारी शक्ति सर्वोच्चता की प्रतीक है। शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी, कुष्मांडा, चन्द्रघण्टा, स्कन्दमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी एवं सिद्धिदात्री कुल 9 प्रकार की प्रकृति एवं नारी शक्ति का प्रतीक है। जब आततायी व राक्षसी शक्तियां पुरूषों द्वारा नियंत्रित नहीं होती तब नारी शक्ति ही उसका संहार करते नियंत्रण करती है। उक्त बातंे नगर के मोहल्ला नखास में नवीन नव दीप संस्था द्वारा स्थापित पण्डाल में विराजमान माता रानी के समक्ष ‘‘नारी शक्ति/शस्त्र पूजा’’ अवसर पर भाजपा नेत्री/समाजसेविका श्रीमती किरन श्रीवास्तव ने कही। इसके पहले श्रीमती श्रीवास्तव सहित उपस्थित सैकड़ों नारियों, युवतियों एवं बच्चियों ने हमेशा की इस बार भी शस्त्र पूजन किया। विश्व हिन्दू परिषद द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने शस्त्र (त्रिशूल, बरछी, कटार, गदा) पर तिलक लगाने के साथ ही मां दुर्गा सहित मां सरस्वती, मां लक्ष्मी, भगवान कार्तिकेय व गणेश का पूजा-पाठ किया। इस मौके पर गगनचुम्बी जयघोष से पूरा वातावरण गूंज उठा तथा चहुंओर माहौल देवीमय नजर आने लगा। इस अवसर पर विश्व हिन्दू परिषद के प्रान्तीय सह मंत्री तरून शुक्ल, राकेश श्रीवास्तव जिला मंत्री विहिप, बजरंग दल के जिला संयोजक विनय मौर्य, जिला सत्संग प्रमुख देवीसेवक, सह नगर मंत्री विहिप महेश सेठ, जिला धर्माचार्य सम्पर्क प्रमुख आचार्य रविन्द्र द्विवेदी, जिला कार्याध्यक्ष अजय पाण्डेय, रामजी जायसवाल, सौरभ सेठ, संजय शुक्ल, हिमांचल सेठ, रोहन सिंह, बबलू जायसवाल, चन्द्रशेखर निषाद बबलू, पूर्व अध्यक्ष सूरज निषाद, विजय मौर्य, राजू चैधरी, डा. कमलेश, विकास निषाद, पूर्व सभासद लक्ष्मण बेनवंशी, सीता जायसवाल, तेजस्वी, तेजवी, शिल्पी, आंचल, पम्मी, शालिनी, उजाला, पुष्पा देवी, विदिशा देवी, तेजस सहित सैकड़ों नर, नारी, बच्चे, युवा, वृद्ध आदि मौजूद रहे।
