‘चाय के साथ देश की चुनौतियों पर बात’ कार्यक्रम में बुद्धिजीवियों ने दी राय
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जौनपुर। देश की चुनौतियों से हम तब तक नहीं लड़ सकते जब तक देश के जागरूक नागरिक अपनी जिम्मेदारी नहीं उठायेंगे। उक्त बातें टीडीपीजी कालेज के पूर्व प्राचार्य डा. अरूण सिंह ने जौनपुर संघर्ष मोर्चा द्वारा आयोजित गोष्ठी में अध्यक्षता करते हुये कही। मोर्चा द्वारा नगर के चहारसू चैराहे पर ‘चाय के साथ देश की चुनौतियों पर बात’ कार्यक्रम आयोजित हुआ जहां जिले के भर के सैकड़ों शिक्षक, पत्रकार, अधिवक्ता, छात्र आदि मौजूद थे। इसी क्रम में पूर्वांचल विश्वविद्यालय के डा. अमित वत्स ने भ्रष्टाचार से लड़ने के लिये लोगों को इच्छाशक्ति दिखाने का आह्वान किया। दीवानी बार एसोसिएशन के पूर्व मंत्री अवधेश सिंह ने कहा कि अधिवक्ता समाज अपनी आर्थिक समस्याओं के कारण देश की चुनौतियों के खिलाफ लड़ नहीं पाता है। एक हिन्दी दैनिक समाचार पत्र के सम्पादक महेन्द्र जी ने देश की चुनौतियों से लड़ने में पत्रकारों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुये पत्रकारिता क्षेत्र से जुड़ी समस्याओं पर चर्चा किया। इसके अलावा सिंगरामऊ कालेज के पूर्व प्रधानाचार्य डा. टीएन सिंह, शायर आकिल जौनपुरी, योगाचार्य अमित आर्य, भारत विकास परिषद के पूर्व अध्यक्ष लोकेश कुमार, समाजसेवी जफर, आलोक सेठ, डा. अमलेन्द्र गुप्त, शिवाकान्त मिश्र सहित अन्य वक्ताओं ने अपना विचार व्यक्त किया। इस दौरान युवाओं व छात्रों के साथ प्रश्नोत्तरी काल रखा गया जिसमें देश की चुनौतियों व उनके समाधान से जुड़े सवाल-जवाब किये गये। प्रश्नोत्तरी काल में धीरज उपाध्याय, संदीप मौर्य, अरूण यादव, राजकुमार एडवोकेट, विरेन्द्र गुप्ता, प्रीतम सोनी एडवोकेट, राजेन्द्र सिंह ने देश की समस्याओं पर सवाल किया। इसी क्रम में पूर्व प्रशासनिक अधिकारी बाबूराम मौर्य व पूर्वांचल विश्वविद्यालय के डा. अमित वत्स को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन कर रहे मोर्चा के प्रमुख सुभाष कुशवाहा ने नागरिक सक्रियता के रास्ते में आने वाली रूकावटों की चर्चा किया। अन्त में महासचिव सतवंत सिंह एडवोकेट ने अतिथियों का स्वागत करते हुये आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर शुभम श्रीवास्तव, उग्रसेन यादव, शीबू अंसारी, देवेश मोहन, नीरज सेठ सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
