प्राथमिक विद्यालयो के शिक्षक सावधान, अब डीएम नजर आप पर
https://www.shirazehind.com/2016/05/blog-post_97.html
जौनपुर। प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षको सावधान खाकसकर वे गुरू जी जो विद्यालय न जाकर चौकी चौराहो और चाय पान की दुकानो पर राजनीत करते है क्यो कि अब जिलाधिकारी भानुचंद्र गोस्वामी नजर ऐसे ही टीचरो पर है। इसकी शुरूआत सोमवार को बीएसए कार्यालय में छापेमारी करके किया है। वे किसी न किसी दिन विद्यालय पहुंचकर गुरूओ की क्लास ले सकते है ।
जिलाधिकारी भानुचंद्र गोस्वामी को बखूबी पता है कि प्राथमिक विद्यालय के तमाम शिक्षक स्कूल न जाकर चौकी चौराहो और चाय पान की दुकानो में बैठकर राजनीत करते है।जिसमें कोई राज्य सरकार तो कोई केन्द्र सरकार की आलोचना करते रहते है। जो शिक्षक राजनीत से दूर है वह पांच हजार रूपये पर किसी बेरोजगार को नियुक्त करके अपना खुद व्यापार कर रहे है। डीएम को यह भी पता है कि ऐसे शिक्षक अवकाश का प्रार्थना पत्र पहले से ही लिखकर उपस्थिति पंजिका में रखा रहता है जब कोई अधिकारी चेकिगं करने पहुंचता है उसे दिखा दिया जाता है। एक सूत्र ने शिराज ए हिन्द डाॅट काम को दी गयी जानकारी के अनुसार डीएम ने ऐसे शिक्षको को चिन्हित कर लिया किसी दिन आचनक वे विद्यालय पहुंचकर जमीनी हकीकत जान सकते है। यदि कोई गैर शिक्षक पढ़ाता हुआ विद्यालय में पाया गया तो उसके खिलाफ कठोर कार्यवाही होगी ।
ऐसे ही एक शिक्षक है संजय कुमार चैधरी। संजय करंजाकला ब्लाक के पूर्व माध्यमिक विद्यालय करंजाकला में तैनात है। उनके खिलाफ बीएसए विभाग के कर्मचारियों व यूपी एजूकेशनल ऐसोसियेशन के अध्यक्ष सुनील कुमार यादव ने जिलाधिकारी से लिखित शिकायत किया है कि वे कभी विद्यालय न जाकर पूरे दिन बीएसए आफिस में जमे रहते है।
पत्र में साफ लिखा गया है कि संजय यहा पर अवैध वसूली करते है और उन्ही की मिली भगत से आफिस की कई फाईले गायब भी हो गयी है। इतना ही नही उनके पास कई आलमारियों की चाभी रहने का बात लिखा गया है।
इन सब बातो को ध्यान में रखकर डीएम ने अब प्राथमिक विद्यालयों की तरफ रूख कर लिया है। इस लिए अब ऐसे शिक्षक नेतागिरी छोड़कर सीधे विद्यालय जाय इसी में भलाई।
जिलाधिकारी भानुचंद्र गोस्वामी को बखूबी पता है कि प्राथमिक विद्यालय के तमाम शिक्षक स्कूल न जाकर चौकी चौराहो और चाय पान की दुकानो में बैठकर राजनीत करते है।जिसमें कोई राज्य सरकार तो कोई केन्द्र सरकार की आलोचना करते रहते है। जो शिक्षक राजनीत से दूर है वह पांच हजार रूपये पर किसी बेरोजगार को नियुक्त करके अपना खुद व्यापार कर रहे है। डीएम को यह भी पता है कि ऐसे शिक्षक अवकाश का प्रार्थना पत्र पहले से ही लिखकर उपस्थिति पंजिका में रखा रहता है जब कोई अधिकारी चेकिगं करने पहुंचता है उसे दिखा दिया जाता है। एक सूत्र ने शिराज ए हिन्द डाॅट काम को दी गयी जानकारी के अनुसार डीएम ने ऐसे शिक्षको को चिन्हित कर लिया किसी दिन आचनक वे विद्यालय पहुंचकर जमीनी हकीकत जान सकते है। यदि कोई गैर शिक्षक पढ़ाता हुआ विद्यालय में पाया गया तो उसके खिलाफ कठोर कार्यवाही होगी ।
ऐसे ही एक शिक्षक है संजय कुमार चैधरी। संजय करंजाकला ब्लाक के पूर्व माध्यमिक विद्यालय करंजाकला में तैनात है। उनके खिलाफ बीएसए विभाग के कर्मचारियों व यूपी एजूकेशनल ऐसोसियेशन के अध्यक्ष सुनील कुमार यादव ने जिलाधिकारी से लिखित शिकायत किया है कि वे कभी विद्यालय न जाकर पूरे दिन बीएसए आफिस में जमे रहते है।
पत्र में साफ लिखा गया है कि संजय यहा पर अवैध वसूली करते है और उन्ही की मिली भगत से आफिस की कई फाईले गायब भी हो गयी है। इतना ही नही उनके पास कई आलमारियों की चाभी रहने का बात लिखा गया है।
इन सब बातो को ध्यान में रखकर डीएम ने अब प्राथमिक विद्यालयों की तरफ रूख कर लिया है। इस लिए अब ऐसे शिक्षक नेतागिरी छोड़कर सीधे विद्यालय जाय इसी में भलाई।

