भदोही : स्कूलों में 25 जुलाई तक प्रबंध समिति गठित न होने पर नापेंगे बीएसए : डीएम
https://www.shirazehind.com/2016/07/25.html
भदोही ।शासन के निर्देशानुसार विद्यालयो में प्रबन्ध समिति
का गठन (एस0एम0सी0) प्रत्येक दशा में 25 जूलाई तक कर ली जाय, एसएमसी का गठन
पारदर्शी एवं निपक्ष रूप से किया जाय, गठन में लापरवाही और अनियमितता पायी
जाने पर सम्बन्धित क्षेत्रो के खण्ड शिक्षा अधिकारी (ए0बी0एस0ए0) पूर्ण
रूप से उत्तरदायी होगे। बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा बैठक देर से कराई जाने
के कारण को संज्ञान में लेकर भविष्य के लिए चेतावनी देते हुए कहा गया कि
महत्वपूर्ण एस0एम0सी0 गठन में इतनी शिथिलता किसी भी किमत पर क्षम्य नही
होगी। इसे गम्भीरता से लेते हुए खण्ड विकास अधिकारी/खण्ड शिक्षा अधिकारियों
से संयुक्त रूप से युद्ध स्तर पर लगकर एस0एम0सी0 का गठन कराए । उक्त
निर्देश जिलाधिकारी प्रकाश बिन्दु ने कलेक्टेªट के सभागार में एस0एम0सी0
जिला शिक्षा परियोजना समिति के बैठक के दौरान सम्बन्धित विभागो के
अधिकारियो को दिया है। जिलाधिकारी ने कहा कि गैर अनुदानित विद्यालयो के
अतिरिक्त प्रत्येक विद्यालयो में एस0एम0सी0 का गठन किया जायेगा। जिसमें कुल
15 सदस्य होगें, जिनमें 11 सदस्य बालको के माता पिता/संरक्षक होगे, समिति
में 50 प्रतिशत महिलायें होगी और इसके अतिरिक्त 4 सदस्य होगें जिनमें
स्थानीय प्राधिकारी के सदस्य, सहायक नर्स/मेडवाईफ, लेखपाल,
प्रधानाध्यापक/इनचार्ज प्रधानाध्यापक, उन्होने कहा कि 11 संरक्षक सदस्यो
में से एक सदस्य अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति/पिछड़ा वर्ग का होगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि एस0एम0सी0 गठन में परिषदीय प्राथमिक विद्यालय, सहायता
प्राप्त उच्च प्राथमिक विद्यालय, राजकीय/सहायता प्राप्त इ0का0, कस्तुरबा
गॉधी बालिका विद्यालय, तथा मदरसा अनुदानित विद्यालय, होगे, इस क्रम में
उन्होने कहा कि विकास खण्ड सुरियावॉ अन्तर्गत 128 विद्यालय विकास खण्ड
अभोली अन्तर्गत 108 विद्यालय, विकास खण्ड औराई अन्तर्गत 231 विद्यालय,
विकास खण्ड डीघ अन्तर्गत 227 विद्यालय, विकास खण्ड ज्ञानपुर अन्तर्गत 231
विद्यालय, विकास खण्ड भदोही अन्तर्गत 225 विद्यालय, जहॉ नगर क्षेत्र 14
विद्यालय, इस प्रकार जनपद में कुल 1164 विद्यालयों में एस0एम0सी0 का गठन
किया जाना है। जिलाधिकारी ने कहा कि शासन के निर्देश के क्रम में गठन
प्रत्येक दशा में 25 जूलाई तक किया जाना है यह भी कहे कि एस0एम0सी0 का गठन
पारदर्शी एवं निष्पक्ष रूप से खूली बैठक में आम सहमति से करायी जाय। यह भी
कहे कि यदि सहमति न हो तो हाथ उठाकर बहुमत के आधार पर समिति के सदस्यो सहित
अध्यक्ष/उपाध्यक्ष का चुनाव कराया जाय, उन्होने कहा कि बैठक बुलाने की
जिम्मेदारी सम्बन्धित विद्यालय के प्रधानाध्यापक की होगी। विवाद की स्थिति
में खण्ड शिक्षा अधिकारी (ए0बी0एस0ए0) द्वारा उपस्थित होकर गोपनीय मतदान से
निराकरण कराया जाय, जिलाधिकारी ने समस्त खण्ड विकास अधिकारियो को निर्देश
देते हुए कहा कि विद्यालयो में प्रबन्ध समिति की गठन के लिए नोडल अधिकारी
की भूमिका होगी। इस क्रम में उन्होने कहा कि खण्ड विकास अधिकारी एस0एम0सी0
गठन में योजना बध तरीके से अपने विकास खण्ड सहित विद्यालयो में खूली बैठक
के लिए ब्लाक में उपलब्ध कार्मिको की टीम गठित करके विद्यालयवार ड्यूटी
आंवटित कि जायेगी, यह भी कहे कि विद्यालयो की बैठक की तिथि एवं आवंटित
अधिकारी का नाम समय से खण्ड शिक्षा अधिकारी को उपलब्ध करा दिया जाय।
उन्होनेे कहा कि खण्ड शिक्षा अधिकारी (ए0बी0एस0ए0) उक्त तिथि को विद्यालयो
को सूचित करेगें। तथा प्रधानाध्यापक उक्त तिथि में एस0एम0सी0 गठन के लिए
अभिभावको की बैठक आहूत करेगें।
इस अवसर पर जिलाधिकारी ने बेसिक शिक्षा अधिकारी के कार्यशैली को गम्भीरता से लेते हुए चेतावनी दी है कि शासन के निर्देश के क्रम में बैठक 7 जूलाई से पूर्व हो जाना चाहिए था, जो गम्भीर विषय है, ऐसी परिस्थिति में समस्त खण्ड शिक्षा अधिकारी/खण्ड विकास अधिकारी के साथ रणनिति बनाकर युद्ध स्तर पर सक्रियता के साथ लगकर प्रत्येक दशा में 25 जूलाई तक गठन का कार्य पूर्ण करा ले। यह भी कहे कि यदि इस कार्य में कही से भी किसी भी स्तर पर लापरवाही बरतते हुए पायी गई तो दोषी पाये जाने वाले अधिकारियो और कर्मचारियों के कार्यशैली को गम्भीरता से लेेते हुए कठोर कार्यवाही की जायेगी।
इस अवसर पर जिलाधिकारी ने बेसिक शिक्षा अधिकारी के कार्यशैली को गम्भीरता से लेते हुए चेतावनी दी है कि शासन के निर्देश के क्रम में बैठक 7 जूलाई से पूर्व हो जाना चाहिए था, जो गम्भीर विषय है, ऐसी परिस्थिति में समस्त खण्ड शिक्षा अधिकारी/खण्ड विकास अधिकारी के साथ रणनिति बनाकर युद्ध स्तर पर सक्रियता के साथ लगकर प्रत्येक दशा में 25 जूलाई तक गठन का कार्य पूर्ण करा ले। यह भी कहे कि यदि इस कार्य में कही से भी किसी भी स्तर पर लापरवाही बरतते हुए पायी गई तो दोषी पाये जाने वाले अधिकारियो और कर्मचारियों के कार्यशैली को गम्भीरता से लेेते हुए कठोर कार्यवाही की जायेगी।

