मिलावटखोरों पर की जा रही मेहरबानी
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जौनपुर। मिलावट खोर गुझिया की मिठास को कसैला बनाने में जुटे हैं। कानपुर से मिलावटी मावा की आपूर्ति बढ़ गई है। इस पर अंकुश लगाने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग छापेमारी की कार्रवाई कर कागजी कोरम पूरा करने में जुटा है। चिन्हित दुकानों पर नमूना एकत्र कर उसे जांच के लिए भेजकर अफसर शांत बैठ जाते हैं। पूरे साल मिलावटी खाद्य सामग्री की जांच का अभियान नहीं चलाया जाता है। होली व दीपावली में विभाग अधिक सक्रिय होता है। इसके बाद भी कानपुर से बसों से आने वाली मिठाई, मावा, बूंदी समेत अन्य सामग्री की बरामदगी नहीं की जाती है। जबकि कानपुर से रात में चलने वाली बसों से ही सामग्री संबंधित व्यापारी के पास आपूर्ति की जाती है। पैकेट पर किस व्यापारी को आपूर्ति करना है उसका कोड नंबर अंकित रहता है। बस चालक पैकेट रिक्शा वालों को थमा देते हैं। रिक्शा चालक पैकेट संबंधित दुकानदार के पास पहुंचा देता है। सामग्री का पैकेट यदि पकड़ लिया जाता है तो व्यापारी उसे स्वीकार करने से इनकार कर देते हैं। कोड नंबर से आपूर्ति होने वाली मिलावटी खाद्य सामग्री को विभागीय अफसर पकड़ने की जहमत नहीं उठाते। इसी कारण मिलावटी सामग्री की आपूर्ति जिले में धड़ल्ले से हो रही है।

