शहर से लेकर गांव तक फैला है झोलाछाप डाक्टरो का साम्राज्य, आये दिन ले रहे मरीजो की जान
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जौनपुर। शहर की गलियों से लेकर कस्बो और गांव गांव तक झोलाछाप डाक्टरो ने मानव हलाल केन्द्र खोल रखा है। ये लोग आये दिन किसी न किसी मरीज को सीधे स्वर्गलोक भेज रहे है। इधर स्वस्थ्य विभाग आंखे मुंदे बैठा है। इन्ही झोला छाप डाक्टरो ने शनिवार को एक मासूम समेत दो की जान ले लिया। मौत के बाद गुस्साएं उन्ही लोगो डाक्टर की जमकर पिटाई कर दिया जो लोग कुछ देर पहले भगवान समझकर अपने बच्चो का इलाज कराने के लिए उसके पास आये थे। दो मौतो के बाद से डिप्टी सीएमओ अब उन आरोपी डाक्टरो को कानूनी के शिकंजे कसने का दावा किया है।
केराकत थाना क्षेत्र के सुल्तानपुर गांव के धर्मराज यादव ने बताया कि मेरी 18 वर्षीय बेटी डिम्पल शुक्रवार को इण्टर की परीक्षा देकर घर पहुंची तो उसे तेज बुखार चढ़ गया। परिवार वालो ने गांव के ही एक बंगाली डाक्टर के पास ले गये। डाक्टर ने उसे इंजेक्शन लगा दिया। इंजेक्शन लगते ही छात्रा की हालत विगड़ गयी। उसका शरीर लकवा ग्रस्त होकर पीला पड़ गया। हालत खराब होने के बाद परिवार वाले उसे केराकत के एक प्राईवेट हास्पिटल में ले जाया गया। लेकिन उसकी हालत नाजुक देखते हुए वाराणसी रेफर कर दिया गया। इलाज के दरम्यान छात्रा की वाराणसी में ही मौत हो गयी। यह मनहूस खबर घर पहुंचते ही ग्रामीणो ने बंगाली डाक्टर की जमकर पिटाई कर दिया। पिटाई के बाद से आरोपी डाक्टर परिवार सहित गांव छोड़कर फरार हो गया है।
दूसरी वारदात थानागद्दी इलाके में हुई यहां पर एक नवजात बच्चे की जान झोलाछाप डाक्टर के लापरवाही के कारण चली गयी। गुस्साएं परिवार वाले ने डाक्टर की जमकर पिटाई कर दिया। दोनो परिवारो के लोगो ने वेगैर पुलिस को सूचना दिये अंतिम संस्कार कर दिया। जिसके कारण पुलिस भी कुछ नही कर सकी।
उधर झोला छाप डाक्टर के चलते दो मौत होने के बाद स्वस्थ्य विभाग की नींद टूट गया। डिप्टी सीएमओ विवेक सिंह यादव ने कहा कि सोमवार से जिला प्रशासन के सहयोग से झोलाछाप डाक्टरो के खिलाफ अभियान चलाया जायेगा साथ दोनो आरोपी डाक्टरो की जांच कराकर कानूनी कार्यवाही की जायेगी।
केराकत थाना क्षेत्र के सुल्तानपुर गांव के धर्मराज यादव ने बताया कि मेरी 18 वर्षीय बेटी डिम्पल शुक्रवार को इण्टर की परीक्षा देकर घर पहुंची तो उसे तेज बुखार चढ़ गया। परिवार वालो ने गांव के ही एक बंगाली डाक्टर के पास ले गये। डाक्टर ने उसे इंजेक्शन लगा दिया। इंजेक्शन लगते ही छात्रा की हालत विगड़ गयी। उसका शरीर लकवा ग्रस्त होकर पीला पड़ गया। हालत खराब होने के बाद परिवार वाले उसे केराकत के एक प्राईवेट हास्पिटल में ले जाया गया। लेकिन उसकी हालत नाजुक देखते हुए वाराणसी रेफर कर दिया गया। इलाज के दरम्यान छात्रा की वाराणसी में ही मौत हो गयी। यह मनहूस खबर घर पहुंचते ही ग्रामीणो ने बंगाली डाक्टर की जमकर पिटाई कर दिया। पिटाई के बाद से आरोपी डाक्टर परिवार सहित गांव छोड़कर फरार हो गया है।
दूसरी वारदात थानागद्दी इलाके में हुई यहां पर एक नवजात बच्चे की जान झोलाछाप डाक्टर के लापरवाही के कारण चली गयी। गुस्साएं परिवार वाले ने डाक्टर की जमकर पिटाई कर दिया। दोनो परिवारो के लोगो ने वेगैर पुलिस को सूचना दिये अंतिम संस्कार कर दिया। जिसके कारण पुलिस भी कुछ नही कर सकी।
उधर झोला छाप डाक्टर के चलते दो मौत होने के बाद स्वस्थ्य विभाग की नींद टूट गया। डिप्टी सीएमओ विवेक सिंह यादव ने कहा कि सोमवार से जिला प्रशासन के सहयोग से झोलाछाप डाक्टरो के खिलाफ अभियान चलाया जायेगा साथ दोनो आरोपी डाक्टरो की जांच कराकर कानूनी कार्यवाही की जायेगी।
