आठवें वेतन आयोग में पेंशनर्स के मुद्दे शामिल करने की मांग, 21 अप्रैल को धरना
जौनपुर। सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन उत्तर प्रदेश की मासिक बैठक में आठवें केंद्रीय वेतन आयोग के संकल्प पत्र में पेंशनर्स के टर्म्स ऑफ रेफरेंस शामिल करने की मांग उठाई गई। बैठक में बताया गया कि आयोग की प्रश्नावली के उत्तर व सुझाव संगठन की ओर से वेतन आयोग की वेबसाइट पर भेज दिए गए हैं।
जिलाध्यक्ष सी.बी. सिंह ने बताया कि अखिल भारतीय राज्य पेंशनर्स एसोसिएशन के घोषित कार्यक्रम के तहत 21 अप्रैल को जनपद मुख्यालय पर एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इसके साथ ही पेंशनर्स अपनी मांगों के समर्थन में हस्ताक्षर अभियान चलाकर 10 रुपये के सहयोग के साथ सामूहिक याचिका वेतन आयोग और प्रधानमंत्री को भेजेंगे।
वेतन आयोग को भेजे गए सुझावों में कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए समान सिद्धांतों पर पेंशन निर्धारण, राशिकरण की वसूली 10 वर्ष बाद बंद करने, 65, 70 व 75 वर्ष की आयु पूरी करने पर पेंशन में क्रमशः पांच-पांच प्रतिशत वृद्धि, पेंशन को आयकर से मुक्त करने, चिकित्सा सुविधा की राशि पांच लाख से बढ़ाकर 10 लाख करने तथा रेल किराये में छूट देने की मांग शामिल है।
बैठक में वक्ताओं ने केंद्र सरकार से अपील की कि आठवें वेतन आयोग के गजट नोटिफिकेशन में पेंशनर्स के टर्म्स ऑफ रेफरेंस को तत्काल शामिल कर उनके हित में सकारात्मक निर्णय लिया जाए।
बैठक को ओंकार नाथ मिश्र, राजेश कुमार श्रीवास्तव, कंचन सिंह, राजेंद्र प्रसाद सिंह, मदन मोहन सोनकर, नंदलाल सरोज, अशोक कुमार मौर्य, विक्रमजीत यादव, गोरखनाथ माली, बलिराम यादव, बी.बी. सिंह, नरेंद्र कुमार त्रिपाठी, प्रमोद कुमार सिंह, हीरालाल गुप्ता, शारदा प्रसाद श्रीवास्तव व अशोक प्रताप सिंह सहित अन्य ने संबोधित किया।
बैठक के अंत में कोषाध्यक्ष रामअवध लाल की पत्नी स्व. सुधा श्रीवास्तव के असामयिक निधन पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। संचालन जिलामंत्री कृपाशंकर उपाध्याय ने किया। कार्यक्रम के बाद पेंशनर्स ने एक-दूसरे पर फूलों की वर्षा कर होली की शुभकामनाएं भी दीं।

