खेतासराय रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव और यात्री सुविधाओं की मांग, राज्यमंत्री को सौंपा ज्ञापन
जौनपुर। खेतासराय रेलवे स्टेशन पर लगातार घटती यात्री सुविधाओं, महत्वपूर्ण ट्रेनों के ठहराव समाप्त किए जाने तथा बुनियादी व्यवस्थाओं की बदहाली को लेकर क्षेत्रीय नागरिकों और व्यापारियों में बढ़ते असंतोष के बीच गुरुवार को एक प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा।
वरिष्ठ भाजपा नेता डॉ. गजेन्द्र पाण्डेय और मनीष गुप्ता (धर्मरक्षक) के नेतृत्व में डाक बंगले पर पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को बताया कि खेतासराय रेलवे स्टेशन पर पहले जिन महत्वपूर्ण ट्रेनों का ठहराव होता था, उनमें से कई ट्रेनों का स्टॉपेज समाप्त कर दिया गया है। इससे क्षेत्र के हजारों यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों को ट्रेन पकड़ने के लिए अन्य स्टेशनों तक जाना पड़ता है, जिससे समय और धन दोनों की अतिरिक्त बर्बादी होती है।
ज्ञापन में स्टेशन पर टिकट काउंटर की अपर्याप्त व्यवस्था का भी मुद्दा उठाया गया। प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि यात्रियों को टिकट लेने के लिए लंबी कतारों में घंटों इंतजार करना पड़ता है। इसके अलावा पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, स्वच्छता, प्रतीक्षालय, शौचालय और सुरक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं की स्थिति भी संतोषजनक नहीं है।
डॉ. गजेन्द्र पाण्डेय ने कहा कि खेतासराय क्षेत्र की आबादी और यात्रियों की संख्या को देखते हुए प्रमुख ट्रेनों का ठहराव बहाल किया जाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने रेलवे प्रशासन से जनभावनाओं का सम्मान करते हुए शीघ्र सकारात्मक कदम उठाने की मांग की।
मनीष गुप्ता (धर्मरक्षक) ने कहा कि रेलवे स्टेशन किसी भी क्षेत्र के विकास और आवागमन का महत्वपूर्ण केंद्र होता है। यदि यात्रियों को बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध न हों तो यह चिंता का विषय है। उन्होंने टिकट काउंटरों की संख्या बढ़ाने और स्टेशन पर यात्री सुविधाओं के विस्तार की मांग की।
राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव ने प्रतिनिधिमंडल की मांगों को गंभीरता से सुनते हुए आश्वासन दिया कि इस मुद्दे को संबंधित विभाग और रेलवे अधिकारियों के समक्ष प्रभावी ढंग से उठाया जाएगा। उन्होंने जनहित से जुड़े मामलों के समाधान के लिए हरसंभव प्रयास करने का भरोसा दिलाया।
क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि जनप्रतिनिधियों की इस पहल के बाद खेतासराय रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव की बहाली तथा यात्री सुविधाओं में सुधार की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। इस दौरान क्षेत्र की अन्य जनसमस्याओं और रेलवे से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई।

