चकबंदी लेखपाल पर भ्रष्टाचार व विधवा को जान से मारने की धमकी का आरोप, कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज
जौनपुर। लाइन बाजार थाना क्षेत्र में तैनात एक चकबंदी लेखपाल के खिलाफ भ्रष्टाचार, धोखाधड़ी, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है।
जफराबाद थाना क्षेत्र के सरैयां गांव निवासी विधवा महिला उर्मिला देवी ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया कि कलेक्ट्रेट स्थित चकबंदी कार्यालय में तैनात चकबंदी लेखपाल धर्मेंद्र सिंह ने उनकी कृषि भूमि को सुरक्षित रखने और उनके पक्ष में कार्रवाई कराने का आश्वासन देकर 20 हजार रुपये लिए थे। आरोप है कि रुपये लेने के बावजूद उनकी भूमि किसी अन्य व्यक्ति के नाम दर्ज करा दी गई, जबकि बदले में उन्हें ऊसर भूमि आवंटित कर दी गई।
पीड़िता का आरोप है कि जब वह 1 अक्टूबर 2025 को अपने चकबंदी मुकदमे की पैरवी के सिलसिले में चकबंदी कार्यालय पहुंची और लेखपाल से अपने रुपये वापस मांगे, तो वह नाराज हो गया। आरोप के अनुसार, लेखपाल ने उनके साथ गाली-गलौज की, जान से मारने की धमकी दी तथा उनकी फाइल, आवश्यक अभिलेख और 1,200 रुपये भी अपने पास रख लिए।
महिला का कहना है कि स्थानीय स्तर पर कार्रवाई न होने पर उन्होंने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय के आदेश के अनुपालन में लाइन बाजार थाना पुलिस ने चकबंदी लेखपाल धर्मेंद्र सिंह के विरुद्ध विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस का कहना है कि मामले की विवेचना के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।

