पुरानी पेंशन समेत 10 मांगों को लेकर शिक्षकों का डीआइओएस कार्यालय पर प्रदर्शन
जौनपुर। पुरानी पेंशन योजना बहाल करने समेत 10 सूत्री मांगों को लेकर माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों ने गुरुवार को जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआइओएस) कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने सरकार के खिलाफ नाराजगी जताते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित ज्ञापन डीआइओएस को सौंपा। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाओं ने भाग लिया।
प्रदेश अध्यक्ष डॉ. जितेंद्र सिंह पटेल ने कहा कि शिक्षकों की लंबित समस्याओं का समय से समाधान नहीं होने से उनमें निराशा और आक्रोश है। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना हर हाल में बहाल करने, माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड अधिनियम की धाराओं 12, 18 और 21 को पुन: स्थापित करने तथा तदर्थ शिक्षकों का विनियमितीकरण करने की मांग की। वित्तविहीन शिक्षकों की सेवा सुरक्षा के साथ सम्मानजनक मानदेय देने पर भी जोर दिया।
जिलाध्यक्ष अशोक कुमार मौर्य और जिला मंत्री अभिषेक सिंह ने कहा कि जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय की कार्यप्रणाली में सुधार किया जाए। शिक्षकों के अवशेष देयकों का समयबद्ध भुगतान हो और वर्षों से निदेशालय में लंबित ऑफलाइन स्थानांतरण की पत्रावलियों का शीघ्र निस्तारण किया जाए। प्रशासनिक पत्रावलियों को अनावश्यक रूप से लेखा संवर्ग में भेजकर शिक्षक-कर्मचारियों को परेशान करने की व्यवस्था समाप्त करने की मांग भी उठाई।
पुरानी पेंशन बहाल करने के साथ एनपीएस से पुरानी पेंशन में आए शिक्षकों के एनपीएस खातों की धनराशि ब्याज सहित जीपीएफ खातों में स्थानांतरित करने की मांग की गई। वित्तविहीन शिक्षकों को सेवा सुरक्षा व सम्मानजनक मानदेय, वर्ष 2000 के पूर्व व बाद नियुक्त तदर्थ शिक्षकों का विनियमितीकरण और उनकी सेवाओं का लाभ चयन व प्रोन्नत वेतनमान में देने की मांग रखी गई।
इसके अलावा कैशलेस चिकित्सा योजना में सेवानिवृत्त शिक्षकों, मदरसा शिक्षकों और प्रदेश में निवास करने वाले आइसीएसई शिक्षकों को शामिल करने, राज्य कर्मचारियों की भांति शिक्षकों को त्रिस्तरीय एसीपी का लाभ देने, व्यावसायिक व कंप्यूटर शिक्षकों को रिक्त पदों पर समायोजित कर पूर्ण शिक्षक का दर्जा देने की मांग की गई। एक अप्रैल 2014 से नियुक्त शिक्षकों व शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को सामूहिक जीवन बीमा से आच्छादित करने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही।
धरने में प्रदेश मंत्री अंजनी श्रीवास्तव, अटेवा प्रदेश उपाध्यक्ष सत्येंद्र राय, वाराणसी जिला मंत्री अंजनी सिंह, डॉ. बृजेश सिंह, राम प्रताप, ऋषिकेश, संत लाल, अनिरुद्ध यादव, अजय सिंह, विनय कुमार ओझा, विनय सिंह, सत्य प्रकाश सिंह, डॉ. विश्वनाथ यादव, प्रेमचंद, सूरज कुमार और मनोज कुमार यादव समेत बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित रहे। संचालन जिला मंत्री अभिषेक सिंह ने किया। अंत में जिलाध्यक्ष अशोक कुमार मौर्य ने सभी के प्रति आभार जताया।

