ग्रामीण पेयजल जागरूकता सप्ताह का हुआ शुभारम्भ
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जौनपुर। जिलाधिकारी सुहास एलवाई के मुख्य अतिथ्य व मुख्य विकास अधिकारी पीसी श्रीवास्तव की अध्यक्षता में कलेक्टेªट स्थित प्रेक्षागृह में ग्रामीण पेयजल जागरूकता सप्ताह का शुभारम्भ दीप प्रज्ज्वलित एवं फीता काटकर हुआ। इस मौके पर उपायुक्त श्रम रोजगार रामबाबू त्रिपाठी ने हैण्डपम्पों के अगल-बगल गड्ढे में पानी न रूकने की सलाह दिया। पानी की सतह नीचे जाने के प्रकरण में तालाब खोदवाकर, वृक्षारोपण, बरसात के जल को संग्रह करने का सुझाव दिया। जिला विकास अधिकारी तेज प्रताप मिश्र ने बताया कि 1972 में राष्ट्रीय पेयजल योजना लागू हुई। जल निधि, स्वजल धारा, राजीव गांधी पेयजल मिशन, इण्डिया मार्का-2 द्वारा जनता को स्वच्छ जल उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जिला विद्यालय निरीक्षक, मनोरंजन कर अधिकारी, बेसिक शिक्षा अधिकारी, अधिशासी अभियंता जल निगम, सभी खण्ड विकास अधिकारी के माध्यम से जल जागरूकता सप्ताह 20 से 25 फरवरी तक जिला, ब्लाक व ग्राम स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किया जायेगा। अधि.अभि. एमए किदवई ने बताया कि पेयजल का उचित रख-रखाव व प्रयोग, गुणवत्ता, जल संरक्षण के बारे में जानकारी दिया। बाल विकास परियोजना अधिकारी मडि़याहूं ने बताया कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों के माध्यम से घर-घर सफल बनाया जाय। जिलाधिकारी ने बताया कि विश्व की कुल जनसंख्या का 17 प्रतिशत भाग भारत में निवास करते हैं, वहीं पेयजल केवल 4 प्रतिशत उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि यहां हर आदमी इण्डिया मार्का-2 नल और बन्दूक की मांग करता है। उन्होंने पाइप पेयजल योजना को सफल बनाने की अपील किया। परियोजना निदेशक सत्येन्द्रनाथ चैधरी, सहायक अभियंता जल निगम आरसी गुप्ता ने कहा कि जल ही जीवन है। अध्यक्षीय सम्बोधन करते हुये मुख्य विकास अधिकारी पीसी श्रीवास्तव ने कहा कि ग्रामीण पेयजल जागरूकता सप्ताह को उपस्थित अधिकारी सरकारी कार्यक्रम की तरह नहीं, बल्कि दिल से जुड़कर जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करें। कार्यक्रम का संचालन एमए अंसारी ने किया।

