विश्व मधुमेह दिवस की पूर्व संध्या पर विचार गोष्ठी आयोजित
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जौनपुर। आज विश्व में डाइबिटीज अत्यन्त घातक रूप ले चुका है तथा इससे प्रतिवर्ष लाखों मरीज अकाल काल के गाल में जा रहे हैं। आज हर तीसरा व्यक्ति डाइबिटीज ग्रस्त है। दूध, दही, हरी सब्जी, अंकुरित अनाजों का सेवन बढ़ाकर तथा तेल मसाला, चीनी का प्रयोग घटाकर इससे बचा जा सकता है। उक्त बातें विश्व मधुमेह दिवस (27 जून) की पूर्व संध्या पर नगर के रूहट्टा मोहल्ले में गुरूवार को आयोजित विचार गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुये डा. सुशील श्रीवास्तव ने कही। इसी क्रम में जूरी जज डा. दिलीप सिंह ने कहा कि भारतीय ढंग का भोजन, दिनचर्या छोड़कर पश्चिमी रहन-सहन, दिनचर्या अपनाना, अधिक मात्रा में मीठे पदार्थ, फास्ट फूड, कोल्ड ड्रिंग्स आदि का सेवन करना, परिश्रम न करना मधुमेह रोग का मुख्य कारण है। इसमें इंसुलिन की मात्रा अनियंत्रित हो जाती है। इसके अलावा समाजसेविका पद्मा सिंह, डा. आरडी सिंह, ज्ञान कुमार, वकार हुसैन, प्रशांत, दिनेश, संजय सहित अन्य वक्ताओं ने अपना विचार व्यक्त किया। इस अवसर पर राजेन्द्र यादव, राजीव सिंह, शिप्रा सिंह, सुनील मौर्य, अलका सिंह, विपिन मौर्य, सीताराम चैरसिया, हरिद्वारी विश्वकर्मा, संजय उपाध्याय, विजय श्रीवास्तव, बीना दिव्येन्दु, शुभम् सहित अन्य उपस्थित रहे।

