
जौनपुर। नगर के जज कालोनी में स्थित गायत्री प्रज्ञा-महिला मण्डल के पवित्र प्रांगण में आयोजित तीन दिवसीय नौ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ एवं संस्कार महोत्सव का समापन रविवार को महापूर्णाहुति से हुआ जहां जिला मुख्यालय सहित ग्रामीणांचलों से आये हजारों भक्तों ने भागीदारी निभायी। इसके पहले हरिद्वार से आये संत जितेन्द्र मिश्र ने साधकों को योगासनों, प्राणायाम एवं ध्यान से होने वाले लाभों के बारे में विस्तार से बताया। तत्पश्चात् भक्ति भजनों का कार्यक्रम हुआ जहां संत सूरजदीप व रामलाल ने भावपूर्ण भजनों से श्रद्धालुओं को मंत्र-मुग्ध कर दिया। साथ ही संगीत व वाद्य यंत्रों की मधुर लयबद्ध ध्वनि से सम्पूर्ण परिवेश भक्तिमय हो उठा। इसके बाद नौ कुण्डीय यज्ञ शुरू हुआ जहां बच्चों का विद्यारम्भ, मुण्डन, अन्नप्राशन आदि संस्कार शांतिकुंज से आयी टोली द्वारा कराया गया। तत्पश्चात् यज्ञ में गायत्री महामंत्र व महामृत्यंुजय आहुति व अनिष्ट निवारण की आहुति दी गयी। 6 पारियों में सम्पन्न हुये यज्ञ में शामिल श्रद्धालुजन पीत वस्त्र धारण किये थे जहां इलाहाबाद उच्च न्यायालय के अधिवक्ता अभिषेक मिश्र ने कहा कि महापूर्णाहुति का यह धार्मिक अनुष्ठान हमें अपने जीवन में सदैव श्रेष्ठ संकल्प लेते रहने व उस उद्देश्य की प्राप्ति के लिये अन्तिम सांस तक संघर्ष करने की प्रेरणा देता है। यज्ञोपरांत श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया जिसके बाद भक्ति संध्या का आयोजन हुआ जो रात 9 बजे तक चला। इस मौके पर साधक पद्माकर मिश्र ने कहा कि अपना सुधार ही संसार की सबसे बड़ी सेवा है। इस अवसर पर वरिष्ठ अधिवक्ता देवेन्द्र राय, विनोद श्रीवास्तव, आनन्द मिश्र, सतीश मौर्य, मीना मौर्य, किरन सिंह, पुष्पा राय, कृष्णा साहू, शारदा सेठ, मुस्कान, गंगोत्री साहू,, शनि शर्मा, माधुरी गुप्ता, मोहन लाल श्रीवास्तव, राजकमल पाठक, गायत्री राय, निर्मला राय, धीरेन्द्र महतो सहित अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।