
जौनपुर। जनपद के करंजाकला क्षेत्र के जगदीशपुर अकबर में भूरेश्वर महादेव धाम में उमड़ी भक्तों की भीड़ के बीच प्रयागराज से आये मानस सम्राट आचार्य धनंजय जी महाराज ने पुरूषोत्तम मास के विसर्जन तथा गुप्त नवरात्रि की पूर्व संध्या पर कहा कि दो प्रचलित शारदीय व बासंतिक सामान्य नवरात्रि माने जाते हैं। सामान्य प्रचलित होता है। गुप्त नवरात्रि विशेष अनुष्ठान के लिये गोपनीय रखे गये हैं। उन्होंने कहा कि साधना में कुछ प्रगट होती है। कुछ गुप्त जैसे भगवती दुर्गा के नामों का जप। इसे पार्वती को उपदेशित करते हुये भगवान शिव ने गोपनीय रखने का निर्देश दिया था। महाराज ने यह भी कहा कि जो इस 32 नामों का नित्य जाप करेगा, उसके पास किसी भी प्रकार की विपत्ति का आगमन नहीं हो सकता। देर शाम तक चले प्रवचन के बाद प्रसाद वितरण एवं भजन-कीर्तन का आयोजन हुआ। कार्यक्रम को सफल बनाने में शीतला प्रसाद पाण्डेय, शिवशंकर पाण्डेय, ओम प्रकाश पाण्डेय, तीर्थराज विश्वकर्मा, गुलाब चन्द्र पाल, सुजीत पाण्डेय, अजीत पाण्डेय, राजकेशर पाल, अतुल उपाध्याय आदि का योगदान रहा।