संसार की सबसे बड़ी जैविक सम्पदा होते हैं शिक्षकः ममता सरकार
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जौनपुर। शिक्षक संसार की सबसे बड़ी जैविक सम्पदा होते हैं। प्राथमिक शिक्षक तो बच्चों को जिस भी स्वरूप में ढालना चाहें, वह ढाल सकते हैं। उक्त बातें जूनियर हाईस्कूल कबीरुद्दीनपुर विकास खण्ड धर्मापुर में बच्चों को कराये जा रहे योगाभ्यास के दौरान खण्ड शिक्षा अधिकारी सुश्री ममता सरकार ने शनिवार को कहीं। उन्होंने बताया कि योग की संस्कारशाला में बच्चों में बचपन से केवल शिक्षक ही संस्कारित करके आने वाली पीढ़ी को संस्कारवान बना सकता है। नये शैक्षिक सत्र में बच्चों को विद्यालयी वातावरण में रूचि उत्पन्न करने के उद्देश्य से विभिन्न प्रकार के योगाभ्यासों को कराया जा रहा है। इसी क्रम में धर्मापुर ब्लाक के सभी विद्यालयों पर योग का क्रियात्मक अभ्यास शुरू करने के लिये प्रशिक्षु अध्यापकों को भी योग का प्रशिक्षण योग विस्तारक अचल हरिमूर्ति द्वारा दिया जा रहा है। इस अवसर पर प्रधानाचार्य मजाहिर आलम के अलावा उषा यादव, विजय कुमार, आनन्द सिंह गोमती आदि मौजूद रहे।
