लड़कियों को नजरंदाज करने पर बाप-भाई को देना पड़ेगा हिसाबः शेरवानी
https://www.shirazehind.com/2015/12/blog-post_508.html
जौनपुर। नगर के बलुआघाट में 14 रवीउल अव्वल पर नमाज ईसा के बाद जलस-ए-सीरतुन्नबी का आयोजन हुआ जिसकी अध्यक्षता अब्दुल अजीज ने किया। जलसे की शुरूआत तिलावते कुरआन-ए-पाक से हाफिज फैजान ने किया जिसके बाद जलसे को खिताब करते हुये हजरत मौलाना वसीम शेरवानी ने कहा कि आज हमारे मआसरे में बाप की जायदाद में लड़कांे को तो हिस्सा दिया जाता है लेकिन लड़कियों को नजरअंदाज किया जो गलत है। इसका हिसाब मरने के बाद अल्लाह के यहां बाप और भाई दोनों को देना पड़ेगा। मौलाना मुफ्ती सलमान बलयावी ने कहा कि अल्लाह व उसके रसूल की मोहब्बत में सहाबा एकराम के साथ अपना माल और जान कुर्बान कर दिया। इसके अलावा मो. शाहिद, मो. रेयाज, मो. हमजा सहित अन्य ने मनकबत के अशार से मजलिस में चार चांद लगा दिया। कार्यक्रम का संचालन मौलाना अब्बास ने किया। इस अवसर पर अब्ुदल हमीद, खलील मंसूरी, शोहराब, मो. अब्बास, अब्दुल लतीफ, रूखसार, बाबू, अमजद सईद, सरफराज हुसैन उपस्थित रहे। इस मौके पर आये लोगों के प्रति आभार हाफिज आरिफ व सभासद इरशाद मंसूरी ने संयुक्त रूप से ज्ञापित किया।

