समाजवादी दंगल में चाचा को पटकनी देकर टीपू फिर बने सुल्तान
https://www.shirazehind.com/2016/12/blog-post_481.html
लखनऊ। 1992 में अपने गठन के बाद सबसे बुरे दौर से गुजर रही
समाजवादी पार्टी को मुलायम सिंह यादव शनिवार को संभालते दिखे। मुलायम ने
अखिलेश और रामगोपाल यादव को पार्टी से बाहर करने का फैसला 20 घंटे बाद ही
वापस ले लिया। इसका एलान भी खुद मुलायम ने नहीं, बल्कि शिवपाल ने पहले
ट्वीट कर और भर्राई आवाज में मीडिया से बात कर किया। वही शिवपाल जिन्होंने
शुक्रवार को बीच प्रेस कॉन्फ्रेंस में अखिलेश को बाहर करने की बात नेताजी
के कान में कही थी। मुलायम-शिवपाल के इस यू-टर्न के पीछे वजह आजम खान रहे,
जो सुलह की कोशिशें करा रहे थे। इससे पहले, अखिलेश से मिलने सपा के 224 में
से 200 विधायक पहुंचे। जबकि मुलायम से मिलने सिर्फ 15 विधायक आए थे।
1#
मुलायम सिंह यादव ने शनिवार को 393 कैंडिडेट्स की मीटिंग बुलाई। लेकिन
उनके यहां सिर्फ 17 विधायक और 103 उम्मीदवार पहुंचे। बाद में यह मीटिंग
रद्द हो गई।
2# अखिलेश के घर हुई मीटिंग में 224 में से 207 विधायक शामिल हुए। 37 एमएलसी और 53 कैंडिडेट्स भी शामिल हुए।
3# इसके बाद अखिलेश मुलायम से मिलने पहुंचे। करीबी सूत्रों ने बताया कि आजम खान ने सुलह की कोशिशें कीं तो मुलायम सिंह अखिलेश का निष्कासन वापस लेने को राजी होते दिखे।
4# वहीं, जब शिवपाल को मुलायम-अखिलेश-आजम की मीटिंग के लिए बुलाया गया तो उन्होंने फोन पर कहा, 'अब क्या बचा है? हमारी तो इज्जत मिट गई।'
5# मुलायम, अखिलेश, शिवपाल और आजम की मीटिंग खत्म हुई। बाद में शिवपाल सामने आए। कहा- हम लोग नेताजी से मिलने गए थे। नेताजी का मुझे आदेश मिला है कि अखिलेश और रामगोपाल यादव को बहाल किया जाता है और उनका निष्कासन रद्द किया जाता है। हम सांप्रदायिक ताकतों से लड़ेंगे और उत्तरप्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनाएंगे। सब बातचीत करके प्रत्याशी तय करेंगे और 2017 के चुनाव में उतरेंगे। हम सब लोग बैठकर बातचीत करके लिस्ट पर फैसला लेंगे।
2# अखिलेश के घर हुई मीटिंग में 224 में से 207 विधायक शामिल हुए। 37 एमएलसी और 53 कैंडिडेट्स भी शामिल हुए।
3# इसके बाद अखिलेश मुलायम से मिलने पहुंचे। करीबी सूत्रों ने बताया कि आजम खान ने सुलह की कोशिशें कीं तो मुलायम सिंह अखिलेश का निष्कासन वापस लेने को राजी होते दिखे।
4# वहीं, जब शिवपाल को मुलायम-अखिलेश-आजम की मीटिंग के लिए बुलाया गया तो उन्होंने फोन पर कहा, 'अब क्या बचा है? हमारी तो इज्जत मिट गई।'
5# मुलायम, अखिलेश, शिवपाल और आजम की मीटिंग खत्म हुई। बाद में शिवपाल सामने आए। कहा- हम लोग नेताजी से मिलने गए थे। नेताजी का मुझे आदेश मिला है कि अखिलेश और रामगोपाल यादव को बहाल किया जाता है और उनका निष्कासन रद्द किया जाता है। हम सांप्रदायिक ताकतों से लड़ेंगे और उत्तरप्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनाएंगे। सब बातचीत करके प्रत्याशी तय करेंगे और 2017 के चुनाव में उतरेंगे। हम सब लोग बैठकर बातचीत करके लिस्ट पर फैसला लेंगे।
6# समाजवादी पार्टी की 1 जनवरी को लखनऊ के जनेश्वर मिश्र
पार्क में होने वाली नेशनल एक्जिक्यूटिव मीट कैंसिल नहीं हुई है। रामगोपाल
ने कहा कि तय कार्यक्रम के मुताबिक ही सम्मेलन होगा।
साभार : भाष्कर

