डेढ़ दर्जन अधिकारियों का वेतन रोकने का जारी हुआ आदेश
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जौनपुर।
जिलाधिकारी सर्वज्ञ राम मिश्र ने आईजीआरएस की समीक्षा किया जहां समय से
शिकायतों का निस्तारण न करने वाले 19 अधिकारियों का अग्रिम आदेश तक वेतन
रोकने का निर्देश मुख्य कोषाधिकारी राकेश सिंह को दिया। जिनके वेतन रोकने
के आदेश जारी हुये हैं, उनमें मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. ओपी सिंह, सहायक
सम्भागीय परिवहन अधिकारी, अधिशासी अभियंता नलकूप खण्ड, अधिशासी अभियंता
शारदा सहायक खण्ड 39 इलाहाबाद, अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण सेवा,
अपर आरक्षी अधीक्षक नगर, अपर अधीक्षक देहात, निरीक्षक अभिसूचना इकाई,
परियोजना अभिकारी नेडा, अधीक्षण अभियंता विद्युत, जिला डाक अधीक्षक, सहायक
आयुक्त प्रवर्तन वाणिज्य कर, एलडीएम, क्षेत्रीय प्रबन्धक यूपी स्टेट एग्रो
लिमिटेड, अभिहित अधिकारी खाद्य सुरक्षा औषधि, परियोजना अधिकारी डूडा,
अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत केराकत, अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत बदलापुर
हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि मूल्यांकन रिपोर्ट से स्पष्ट होता है कि
पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों की मार्किंग समय से न करने, संदर्भों का
निस्तारण निर्धारित समयावधि में न करने व गुणवत्तापूर्ण न करने से सी
श्रेणी में वापस प्राप्त संदर्भों के पुनः निस्तारण में विलम्ब होने के
कारण कम अंक प्राप्त होते हैं। उक्त के कारण शासन स्तर पर जिले की छवि खराब
हुई है। उन्होंने बताया कि आज की समीक्षा में जिलास्तरीय समयावधि अन्तर्गत
लम्बित 351, समयावधि के उपरान्त लम्बित 64 सहित कुल 415 शिकायतें, तहसील
स्तरीय समयावधि अन्तर्गत लम्बित 695, समयावधि के उपरान्त लम्बित 98 सहित
कुल 793 शिकायतें, ब्लाक स्तरीय समयावधि अन्तर्गत लम्बित 87, समयावधि के
उपरान्त लम्बित 43 सहित कुल 130 शिकायतें, थाना स्तरीय समयावधि अन्तर्गत
लम्बित 208, समयावधि के उपरान्त लम्बित 21 सहित कुल 229 शिकायतें, शासन एवं
राजस्व परिषद स्तरीय समयावधि अन्तर्गत लम्बित 25, समयावधि के उपरान्त
लम्बित 4 सहित कुल 29 शिकायतें लम्बित हैं। इस प्रकार समयावधि के अन्तर्गत
कुल 1366, समयावधि के उपरान्त 230 सहित कुल 1596 शिकायतें लम्बित हैं।
जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को सचेत किया कि समय से गुणवत्तापूर्ण
निस्तारण सुनिश्चित करें, अन्यथा कार्यवाही के लिये तैयार रहें।

