लूट की छपी खबर से तिलमिलाए कोतवाल ने पत्रकार को फंसाने की दिया धमकी
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मड़ियाहूं (जौनपुर) अपराध मुक्त प्रशासन का दावा करने वाली
योगी सरकार में अपराध का ग्राफ कम करने का नया तरीका कोई मडियाहू पुलिस से
सीखे। शनिवार की रात पशु तस्करों के गिरोह ने नगर के काजी कोट मोहल्ले में
मुख्य मार्ग पर असलहे के बल पर एक व्यापारी के घर के सामने खड़ी पिकअप जीप
का पहिया रिवाल्वर सट्टा कर खोल लिया गया था ।विरोध करने पर अपराधियों ने
पथराव कर कई लोगों को घायल कर दिया था। सूचना के बाद पुलिस मौके पर नहीं
पहुंच पाई और अपराधी घटना को अंजाम देकर फरार हो गए थे। घटना की खबर आज
अखबार ने जनहित में प्रमुखता से प्रकाशित किया तो पुलिस का गुस्सा सातवें
आसमान पर पहुंच गया ।आज मडियाहू खंड विकास अधिकारी कार्यालय पर धरने की खबर
कवरेज हेतु जब संवाददाता राजेश पान्डेय वहां पहुंचे तो मौके पर मौजूद
प्रभारी निरीक्षक पन्नग भूषण ओझा ने पत्रकार पर दबाव बनाते हुए पुलिसिया
कार्यवाही में फंसाने की धमकी देने लगे। जिस पर पत्रकार से गर्मागर्म बहस
हुई। सैकड़ों लोगों की उपस्थिति में जब पत्रकारों ने अवैध रूप से गाजा बेचे
जाने की बात कही तो कोतवाल ने कहा कि गाजा तो लोगों की आवश्यक आवश्यकता है
।इसलिए इसे जनहित में बेचा जा रहा है। जब पत्रकारों पर तमाम गैर कानूनी
कार्य करवाने और सरकार की मंशा की धज्जियां उड़ाने की बात कहने लगे तो
कोतवाल ने फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी देते हुए देख लेना कर कर चलते
बने। घटना को लेकर पत्रकार संघ की एक आपात बैठक संघ के अध्यक्ष काली प्रसाद
जायसवाल की अध्यक्षता में संपन्न हुई ।जिसमे कोतवाल द्वारा पत्रकार को
फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दिए जाने की कड़े शब्दों में निंदा की गई
।इस अवसर पर आरिफ खान, राहुल सिंह, बृजराज चौरसिया, बृजेश मिश्रा, बिपिन
दूबे ,अनिल सिंह, प्रणवेश मिश्रा सहित दर्जनों पत्रकार उपस्थित रहे।

